मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान (CM YUVA) से आत्मनिर्भर बनें चित्रकूट के युवा, स्वरोजगार के नए अवसरों का उठाएं लाभ
चित्रकूट, 14 अक्टूबर 2026।
चित्रकूट। एल डी एम प्रभात मेहता ने सरकार द्वारा संचालित योजनाओं के बारे जानकारी देते हुए कहा कि युवाओं को स्वरोजगार एवं उद्यमिता के क्षेत्र में आगे बढ़ाने के उद्देश्य से उत्तर प्रदेश सरकार द्वारा संचालित मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान (CM YUVA) युवाओं के लिए एक महत्वपूर्ण अवसर है। इस योजना का उद्देश्य युवाओं को अपना व्यवसाय एवं उद्यम स्थापित करने के लिए प्रोत्साहित करना, रोजगार के नए अवसर सृजित करना तथा उन्हें आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है।
उन्होंने जनपद के युवाओं से अपील की है कि वे अपनी प्रतिभा, कौशल और व्यावसायिक विचारों को स्वरोजगार का रूप दें तथा मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के अंतर्गत उपलब्ध वित्तीय सहायता का लाभ उठाने के लिए आगे आएं।उन्होंने बताया कि योजना के अंतर्गत पात्र युवाओं को प्रथम चरण में निर्धारित शर्तों के अनुसार उद्योग एवं सेवा क्षेत्र की परियोजनाओं के लिए 5 लाख रुपए तक का ब्याज मुक्त एवं बिना गारंटी का ऋण उपलब्ध कराने का प्रावधान है। इसके अतिरिक्त, परियोजना लागत पर 10 प्रतिशत मार्जिन मनी अनुदान की व्यवस्था भी है। ऋण स्वीकृति एवं वितरण निर्धारित पात्रता, परियोजना की व्यवहार्यता तथा योजना के दिशा-निर्देशों के अनुसार किया जाता है।इस योजना के माध्यम से युवा कंप्यूटर एवं डिजिटल सेवाएं, मरम्मत केंद्र, सिलाई एवं रेडीमेड वस्त्र, खाद्य प्रसंस्करण, स्थानीय उत्पादों से संबंधित व्यवसाय, विभिन्न सेवा इकाइयां तथा अन्य पात्र सूक्ष्म उद्यम स्थापित करने की दिशा में प्रयास कर सकते हैं।
उन्होंने बताया कि जो आवेदक उत्तर प्रदेश का निवासी हो, उसकी आयु 21 से 40 वर्ष के बीच हो तथा वह न्यूनतम आठवीं कक्षा उत्तीर्ण हो। साथ ही, मान्यता प्राप्त संस्थान से संबंधित कौशल प्रशिक्षण प्रमाणपत्र, डिप्लोमा अथवा डिग्री की शर्त लागू है। अन्य सरकारी ऋण-अनुदान योजनाओं से लाभ लेने के संबंध में भी निर्धारित नियमों का पालन आवश्यक है।इच्छुक युवा मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान के आधिकारिक पोर्टल पर जाकर योजना की विस्तृत जानकारी प्राप्त कर सकते हैं तथा ऑनलाइन आवेदन की प्रक्रिया पूरी कर सकते हैं।उन्होंने कहा कि आवेदन करते समय आधार एवं पहचान संबंधी दस्तावेज, शैक्षणिक योग्यता, कौशल प्रशिक्षण प्रमाणपत्र तथा प्रस्तावित व्यवसाय की परियोजना रिपोर्ट सहित पोर्टल पर मांगे गए दस्तावेज तैयार रखें। आवश्यकता होने पर संबंधित जिला उद्योग केंद्र से मार्गदर्शन प्राप्त करें। आवेदन की जांच के बाद पात्रता एवं परियोजना की व्यवहार्यता के आधार पर बैंक द्वारा ऋण स्वीकृति की प्रक्रिया पूरी की जाती है।
एलडीएम प्रभात मेहता ने जनपद के युवाओं से आग्रह किया कि वे केवल नौकरी की तलाश तक सीमित न रहें, बल्कि अपनी योग्यता एवं स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप उद्यम स्थापित करने की संभावनाओं पर भी विचार करें। उन्होंने बैंक अधिकारियों एवं संबंधित विभागों से भी अपेक्षा की कि पात्र आवेदकों को योजना की जानकारी, आवेदन प्रक्रिया एवं बैंकिंग संबंधी औपचारिकताओं में उचित मार्गदर्शन प्रदान किया जाए तथा आवेदनों का समयबद्ध निस्तारण सुनिश्चित करने का प्रयास किया जाए।
चित्रकूट में स्थानीय संसाधनों, पारंपरिक कौशल, पर्यटन, सेवा क्षेत्र एवं स्थानीय उत्पादों पर आधारित उद्यमों के विकास से युवाओं के लिए रोजगार के अवसर बढ़ाने में सहायता मिल सकती है।